BMC Election Result 2026: मुंबई BMC चुनाव में BJP की बंपर जीत, शिवसेना UBT पीछे, जानें क्या हैं अब तक के रुझान…

BE NEWS – मुंबई में बीएमसी क्षेत्र के 227 वार्डों में चुनाव कल संपन्न हो चुके है, जिसकी मतगणना आज सुबह 10 बजे से जारी है। प्रत्येक सेंटर के लिए इलेक्शन डिसीजन ऑफिसर नियुक्त थे, जिनके अधीन एक-एक स्ट्रॉन्ग रूम और काउंटिंग सेंटर बनाए गए थे।

चुनाव की मतगणना आज सुबह से जारी

आपको बता दें कि मुंबई में बृहन्मुंबई में महा- नगरपालिका क्षेत्र के 227 वार्डो में हुए चुनाव की मतगणना आज सुबह 10 बजे से जारी है। इन चुनाव में भाजपा ने 137 सीटों व शिव सेना 90 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे है। उधर शिवसेना UBT (महायुति) ने राज ठाकरे के नेतृत्व वाली महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के साथ गठबंधन किया है। UBT ने 163 सीटों पर जबकि MNS ने 52 सीटों पर चुनाव लड़ा। कांग्रेस ने वंचित बहुजन आघाड़ी (VBA) के साथ गठबंधन किया है। कांग्रेस 143 सीटों पर और VBA 46 सीटों पर चुनाव लड़ रही है। एनसीपी (अजित पवार गुट) ने किसी भी दल से गठबंधन नहीं किया और 94 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारे हैं।

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अब तक के प्रमुख रुझान
  • BJP गठबंधन: 118 सीटें

  • शिवसेना UBT: 70 सीटें

  • कांग्रेस: 12 सीटें

  • अन्य दल: 5 सीटें

  • AIMIM: 4 सीटें

इस प्रकार पहली बार BMC में BJP को पूर्ण बहुमत मिला है, जबकि ठाकरे बंधु केवल 70 सीटों पर सिमट गए।

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शुरुआती रुझान भाजपा गठबंधन आगे

रुझानों के अनुसार, भाजपा गठबंधन (महायुति) ने स्पष्ट बढ़त बनाई है। जैसे-जैसे काउंटिंग पूरी हो रही है, बीजेपी गठबंधन 118 सीटों पर आगे है, जबकि शिवसेना UBT केवल 70 सीटों पर सीमित रह गई है। कांग्रेस गठबंधन 12 सीटों पर और अन्य दलों ने 5 सीटों पर बढ़त बनाई है। कुल मिलाकर 208 सीटों के रुझान सामने आ चुके हैं।

पिछला चुनाव और तुलना

2017 के BMC चुनाव में शिवसेना ने 84 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी थी, जबकि बीजेपी को 82 सीटें मिली थीं। कांग्रेस ने 31, एनसीपी ने 9 और अन्य पार्टियों को कम सीटें मिली थीं। 2026 में भाजपा गठबंधन की जीत से शहर की सत्ता का समीकरण बदल गया है।

UBT और MVA के लिए अहम चुनाव

BMC चुनाव सिर्फ नगर निगम का नहीं, बल्कि मुंबई की सत्ता का प्रतीक भी माना जाता है। 74,000 करोड़ रुपये के बजट वाली मुंबई नगर निगम पर कब्जा राजनीतिक प्रतिष्ठा का मुद्दा है। भाजपा और शिवसेना, कांग्रेस और VBA, एनसीपी और अन्य दलों के बीच यह चुनाव सियासी ताकत की परीक्षा रहा। Read More BMC Election Result 2026: मुंबई BMC चुनाव में BJP की बंपर जीत, शिवसेना UBT पीछे, जानें क्या हैं अब तक के रुझान…

महाराष्ट्र में नगर निगम चुनाव से ठीक पहले सियासी हलचल तेज, कांग्रेस से निलंबित 12 पार्षद बीजेपी में शामिल

BE NEWS – महाराष्ट्र में नगर निगम चुनाव से ठीक पहले सियासी हलचल तेज हो गई है। कांग्रेस से निलंबित किए गये 12 पार्षद बीजेपी में शामिल हो गए हैं। महाराष्ट्र भाजपा के अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण ने सभी को पार्टी में शामिल कराया है।

एक बार फिर राज्य की राजनीति को नई दिशा

आपको बता दें कि महाराष्ट्र के स्थानीय निकाय चुनावों ने एक बार फिर राज्य की राजनीति को नई दिशा दे दी है। कांग्रेस के निलंबित सभी 12 पार्षदों ने भाजपा का दामन थाम लिया है। महाराष्ट्र भाजपा अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण ने पार्टी में शामिल कराया। जिसके बाद प्रदेश अध्यक्ष ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर पोस्ट शेयर कर खुद इसकी जानकारी दी।

Ambernath Municipal Council 12 councillors suspended Congress January 7 joined BJP January 8, BJP 26 members Shiv Sena has 27 councillors | अंबरनाथ नगरपालिका परिषदः 7 जनवरी को कांग्रेस से 12 पार्षद निलंबित और 8 जनवरी को भाजपा में शामिल, बीजेपी सदस्यों की संख्या 26 और शिवसेना के पास 27 पार्षद

पोस्ट शेयर कर दी इसकी जानकारी 

उन्होंने लिखा कि, “भाजपा परिवार के विकासोन्मुख और लोकाभिमुख कार्यशैली से प्रेरित होकर उबाठा समूह के कल्याण ग्रामीण के उपजिला प्रमुख राहुल भगत ने विकास का ‘कमल’ अपने हाथ में लिया। इस अवसर पर उनका भाजपा परिवार में स्वागत किया गया और आगामी यात्रा के लिए शुभकामनाएं दी।

उन्होंने लिखा कि, इस मौके पर कल्याण-डोंबिवली महानगरपालिका की स्थायी समिति के पूर्व अध्यक्ष और भाजपा के निर्विरोध उम्मीदवार दीपेश म्हात्रे, जयेश म्हात्रे, हर्षदाताई भोइर सहित अन्य प्रतिष्ठित व्यक्ति उपस्थित थे।

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शिवसेना के खिलाफ गठबंधन

महाराष्ट्र के ठाणे जिले की अंबरनाथ नगर परिषद में भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस ने मिलकर एकनाथ शिंदे की अगुवाई वाली शिवसेना के खिलाफ गठबंधन करके अंबरनाथ विकास अघाड़ी (AVA) नाम की एक पार्टी बनाई थी, जिसके बाद कांग्रेस ने इन  सभी 12 पार्षदों को निंलवित कर दिया था। जोकि अब भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो चुके हैं। Read More महाराष्ट्र में नगर निगम चुनाव से ठीक पहले सियासी हलचल तेज, कांग्रेस से निलंबित 12 पार्षद बीजेपी में शामिल

महाराष्ट्र : अंबरनाथ नगर परिषद में सियासी उलटफेर, शिवसेना के खिलाफ कांग्रेस- बीजेपी ने किया गठबंधन

BE NEWS – महाराष्ट्र की राजनीति में स्थानीय निकाय चुनाव एक बार फिर से बड़ा बदलाव होने वाला हैं। ठाणे जिले की अंबरनाथ नगर परिषद में भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस ने मिलकर एकनाथ शिंदे की अगुवाई वाली शिवसेना के खिलाफ गठबंधन कर लिया है। यह गठबंधन इसलिए भी अहम माना जा रहा है क्योंकि अंबरनाथ को शिंदे गुट की शिवसेना का मजबूत गढ़ माना जाता रहा है।

कांग्रेस और बीजेपी का साथ आना 

आपको बता दें कि महाराष्ट्र के स्थानीय निकाय चुनावों ने एक बार फिर राज्य की राजनीति को नई दिशा दे दी है। अंबरनाथ नगर परिषद में कांग्रेस और बीजेपी का साथ आना न सिर्फ चौंकाने वाला है, बल्कि यह गठबंधन सीधे तौर पर मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की शिवसेना के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है।

पूरे महाराष्ट्र राजनीति में हलचल तेज

मुंबई से करीब 70 किलोमीटर दूर स्थित अंबरनाथ नगर परिषद में हालिया चुनावों के बाद शिवसेना सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी, लेकिन बहुमत से चूक गई। इस दौरान शिवसेना ने अपने सहयोगी बीजेपी के साथ मिलकर सत्ता बनाने की कोशिश की। हालांकि, अंतिम समय में बीजेपी ने शिवसेना का साथ छोड़ते हुए कांग्रेस से हाथ मिला लिया। इस गठबंधन के बाद कांग्रेस-बीजेपी ने मिलकर नगर परिषद में सरकार बना ली और बीजेपी के एक पार्षद को नगर अध्यक्ष चुना गया। इस गठबंधन ने न केवल स्थानीय स्तर पर बल्कि पूरे महाराष्ट्र की राजनीति में हलचल तेज कर दी है।

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अंबरनाथ में पलटे सियासी समीकरण

शिवसेना का तीखा हमला

बीजेपी के इस कदम से शिवसेना खासा नाराज नजर आ रही है। शिंदे गुट के विधायक डॉ. बालाजी किनिकर ने कांग्रेस-बीजेपी गठबंधन को ‘अभद्र युति’ बताते हुए इसे जनादेश के खिलाफ करार दिया। वहीं, सांसद श्रीकांत शिंदे ने भी इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि, इस गठबंधन को लेकर सवाल बीजेपी से पूछे जाने चाहिए।

श्रीकांत शिंदे ने दो टूक कहा कि, बीजेपी और शिवसेना लंबे समय से केंद्र और राज्य में सहयोगी हैं और यह गठबंधन मजबूत रहना चाहिए। उन्होंने यह भी दावा किया कि अंबरनाथ में शिवसेना ने विकास के कई अहम काम किए हैं और पार्टी आगे भी विकास की राजनीति करने वालों के साथ ही खड़ी रहेगी।

बीजेपी ने दी सफाई

विवाद बढ़ने के बाद बीजेपी ने भी अपनी स्थिति स्पष्ट की है। पार्टी के उपाध्यक्ष गुलाबराव करंजुले पाटिल ने कहा कि बीजेपी ने शिवसेना के साथ गठबंधन को लेकर कई बार बातचीत की कोशिश की, लेकिन शिवसेना की ओर से कोई ठोस या स्पष्ट जवाब नहीं मिला। ऐसे में पार्टी को ये निर्णय लेना पड़ा। Read More महाराष्ट्र : अंबरनाथ नगर परिषद में सियासी उलटफेर, शिवसेना के खिलाफ कांग्रेस- बीजेपी ने किया गठबंधन